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Mahadev Batting App घोटाले में पूर्व मुख्यमंत्री Bhupesh Baghel पर CBI की FIR

Mahadev Batting App घोटाले में Chattisgarh के पूर्व मुख्यमंत्री Bhupesh Baghel की मुश्किलें बढ़ती नजर आ रही हैं। केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (CBI) ने इस मामले में बघेल को आरोपी बनाते हुए उनके खिलाफ प्राथमिकी (एफआईआर) दर्ज की है। एफआईआर में उन्हें आरोपी नंबर 6 के रूप में नामित किया गया है。

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Mahadev Batting App घोटाले में Chattisgarh के पूर्व मुख्यमंत्री Bhupesh Baghel की मुश्किलें बढ़ती नजर आ रही हैं। केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (CBI) ने इस मामले में बघेल को आरोपी बनाते हुए उनके खिलाफ प्राथमिकी (एफआईआर) दर्ज की है। एफआईआर में उन्हें आरोपी नंबर 6 के रूप में नामित किया गया है。 

क्या है Mahadev App घोटाला?

Mahadev Batting बुक एक सट्टेबाजी platform है, जिसे सौरभ चंद्राकर और रवि उप्पल द्वारा प्रमोट किया गया है।

आरोप है कि यह प्लेटफॉर्म दुबई से संचालित होता था और हर महीने लगभग 450 करोड़ रुपये की अवैध कमाई करता था।

जांच में यह भी सामने आया है कि प्रमोटरों ने वानुआतु की नागरिकता लेकर भारतीय कानून से बचने की कोशिश की और क्रिप्टोकरेंसी के माध्यम से धन को छुपाने का प्रयास किया।

भूपेश बघेल पर आरोप  की FIR के अनुसार, Mahadev Batting सट्टा App के प्रमोटरों ने Bhupesh Baghel को सट्टेबाजी से प्राप्त धन का लाभार्थी बताया है।

आरोप है कि Baghel के विशेष कर्तव्य अधिकारी (ओएसडी) और राजनीतिक सलाहकार को नियमित रूप से पैसे दिए जाते थे।

March 2025 में, CBI ने देशभर में बघेल समेत कई आरोपियों के 60 स्थानों पर छापेमारी की थी, जिसमें उनके रायपुर स्थित आवास पर भी कार्रवाई हुई थी।

Baghel की प्रतिक्रिया

इन आरोपों पर प्रतिक्रिया देते हुए Bhupesh Baghel ने उन्हें राजनीति से प्रेरित बताया है।

उन्होंने कहा कि उनकी सरकार ने महादेव एप के खिलाफ सख्त कार्रवाई की थी, जिसमें 74 एफआईआर दर्ज की गईं, 200 से अधिक लोगों को गिरफ्तार किया गया और 2,000 से ज्यादा बैंक खाते फ्रीज किए गए।

Baghel ने सवाल उठाया कि जो व्यक्ति कार्रवाई कर रहा हो, वह रिश्वत क्यों लेगा। 

आगे की जांच

CBI का कहना है कि महादेव ऑनलाइन बुक के प्रमोटरों ने सरकारी अधिकारियों को रिश्वत देकर अपना अवैध धंधा चलाने की अनुमति प्राप्त की थी।

अब CBI इस मामले की गहन जांच कर रही है और अपनी रिपोर्ट विशेष अदालत को सौंपेगी। 

इस मामले में आगे की कार्रवाई और जांच के परिणामों पर सभी की नजरें टिकी हुई हैं।

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