दिल्ली-एनसीआर के सभी आवारा कुत्तों को शेल्टर होम में भेजने के सुप्रीम कोर्ट के हालिया आदेश ने पशुप्रेमियों और सेलेब्रिटीज के बीच तीखी प्रतिक्रिया पैदा कर दी है। टीवी शो अनुपमा की मशहूर अभिनेत्री रूपाली गांगुली ने इस फैसले की कड़ी आलोचना की और कहा कि ये कुत्ते न सिर्फ हमारी गलियों के अभिन्न अंग हैं, बल्कि हमारी संस्कृति, आस्था और सुरक्षा व्यवस्था का हिस्सा भी हैं।
रूपाली गांगुली ने मंगलवार को अपने एक्स (X) अकाउंट पर एक लंबा पोस्ट साझा किया। उन्होंने लिखा—
“हमारी परंपराओं में, कुत्ते भैरव बाबा के मंदिर की रखवाली करते हैं और अमावस्या पर उन्हें भोजन कराया जाता है। ये गलियों में पले-बढ़े हैं, दुकानों की रखवाली करते हैं, हमारे दरवाजों पर बैठे रहते हैं, और चोरों को भगा देते हैं। अगर हम उन्हें हटा देंगे, तो असली खतरे आने से पहले ही हम अपने रक्षकों को खो देंगे, जैसे आग लगने से पहले अलार्म बंद कर देना।”
उन्होंने आगे कहा—“उन्हें दूर शेल्टर में भेजना दया नहीं, बल्कि निर्वासन है। आवारा कुत्ते बाहरी नहीं हैं; वे हमारे विश्वास, संस्कृति और सुरक्षा का अहम हिस्सा हैं। हमें उनकी देखभाल करनी चाहिए, उन्हें टीके लगवाने चाहिए, खाना खिलाना चाहिए और उन्हें वहीं रहने देना चाहिए जहां वे belong करते हैं।”
सुप्रीम कोर्ट का आदेश और विरोध
सोमवार को सुप्रीम कोर्ट ने आदेश जारी करते हुए कहा कि दिल्ली-एनसीआर में मौजूद सभी आवारा कुत्तों को शेल्टर होम में शिफ्ट किया जाए और यह सुनिश्चित किया जाए कि कोई भी कुत्ता वहां से बाहर न निकले। इस फैसले का कई पशुप्रेमियों और कार्यकर्ताओं ने विरोध किया है। दिल्ली में इस आदेश के खिलाफ प्रदर्शन भी हुए।
सेलेब्रिटीज की प्रतिक्रिया
रूपाली गांगुली के अलावा कई बॉलीवुड सितारों ने भी इस फैसले को गलत बताया। जाह्नवी कपूर, वरुण धवन और रवीना टंडन ने सुझाव दिया कि आवारा कुत्तों को शेल्टर में बंद करने के बजाय बड़े पैमाने पर नसबंदी और टीकाकरण कराया जाए। वहीं, धनाश्री वर्मा ने लोगों से अपील की कि वे अधिक से अधिक कुत्तों को गोद लें और शेल्टर होम को आर्थिक मदद दें ताकि इन बेजुबान जानवरों को जरूरी सुविधाएं मिल सकें।
यह मामला अब सोशल मीडिया पर भी चर्चा का विषय बन चुका है, जहां बड़ी संख्या में लोग सुप्रीम कोर्ट के आदेश पर अपनी नाराजगी और चिंता जाहिर कर रहे हैं।