Jammu-Kashmir के Ramban में रविवार सुबह भयानक तबाही मच गई। तड़के बादल फट गया। देखते ही देखते गांव पानी में डूब गया। तीन लोगों की मौत हो गई। कई घर और दुकानें बर्बाद हो गईं। सड़कों पर सिर्फ मलबा और तबाही का मंजर दिखा।
इस हादसे में दो छोटे भाई और एक बुजुर्ग की जान चली गई। सीरी बगना गांव में 12 साल का आकिब, उसका 10 साल का भाई साकिब और 65 साल के मुनी राम की मलबे में दबकर मौत हो गई। गांव वालों ने बताया कि सुबह 4:30 बजे तेज धमाके की आवाज आई। फिर सब कुछ पानी में बह गया।
बादल फटने से Jammu-Srinagar हाईवे पूरी तरह जाम हो गया है। जगह-जगह मलबा गिरा है। ये हाईवे Kashmir को देश से जोड़ने वाली सबसे जरूरी सड़क है। अब यहां हजारों गाड़ियां फंसी हैं।
सेना ने मोर्चा संभाल लिया है। फंसे लोगों को बचाया जा रहा है। उन्हें खाना, दवा और शरण दी जा रही है। आठ आर्मी टीम स्टैंडबाय पर हैं। सड़क साफ करने में 48 घंटे तक लग सकते हैं।
धारमकुंड गांव में भी तबाही मची है। यहां 40 घरों को नुकसान हुआ है। 10 घर पूरी तरह गिर गए। पुलिस और रेस्क्यू टीम ने 100 से ज्यादा लोगों को बचाया। सभी को सरकारी स्कूल में रखा गया है। वहां खाने और इलाज की व्यवस्था की गई है।
शनिवार को रियासी जिले में बिजली गिरने से दो लोगों की जान चली गई थी। दो दिन में पांच मौतें हो चुकी हैं।
रामबन के DC ने बताया कि हालात गंभीर हैं। स्कूल-कॉलेज बंद कर दिए गए हैं। घाटी में भी सोमवार को स्कूल नहीं खुलेंगे।
उपमुख्यमंत्री और कई नेता मौके पर पहुंचे। उन्होंने हालात की जानकारी ली और मदद का भरोसा दिया। Lieutenant Governor Manoj Sinha और Omar Abdullah ने भी दुख जताया है।
